इंदौर वनडे से पहले भक्ति में डूबे Gautam Gambhir, मां बगलामुखी मंदिर में किया विशेष हवन
भारतीय क्रिकेट टीम के मुख्य कोच और पूर्व दिग्गज बल्लेबाज Gautam Gambhir इंदौर में होने वाले निर्णायक वनडे मुकाबले से पहले पूरी तरह भक्ति के रंग में रंगे नजर आए। शुक्रवार सुबह उन्होंने मध्यप्रदेश के आगर-मालवा जिले में स्थित विश्व प्रसिद्ध मां बगलामुखी मंदिर पहुंचकर विधिवत पूजा-अर्चना की और विशेष हवन किया। इस दौरान उन्होंने भारतीय टीम की जीत, खिलाड़ियों के बेहतर प्रदर्शन और देश की समृद्धि की कामना की। गंभीर करीब एक घंटे तक मंदिर परिसर में रहे, जहां पूरे विधि-विधान से धार्मिक अनुष्ठान संपन्न हुआ। Gambhir का यह दौरा इंदौर में न्यूजीलैंड के खिलाफ खेले जाने वाले अहम वनडे मैच से ठीक पहले हुआ है, जिसे लेकर क्रिकेट प्रेमियों में जबरदस्त उत्साह है। ऐसे में टीम इंडिया के कोच Gambhir का इस तरह आध्यात्मिक स्थल पर पहुंचना न केवल चर्चा का विषय बना, बल्कि इसे शुभ संकेत के रूप में भी देखा जा रहा है।
नलखेड़ा स्थित विश्व प्रसिद्ध मंदिर में दर्शन
शुक्रवार सुबह Gambhir आगर-मालवा जिले के नलखेड़ा कस्बे में स्थित मां बगलामुखी मंदिर पहुंचे। यह मंदिर शक्ति उपासना का प्रमुख केंद्र माना जाता है और देशभर से श्रद्धालु यहां दर्शन के लिए पहुंचते हैं। मान्यता है कि मां बगलामुखी शत्रु बाधा निवारण और विजय की देवी हैं। यही कारण है कि राजनीति, प्रशासन, खेल और व्यवसाय से जुड़े कई बड़े नाम यहां आकर पूजा करते हैं। मंदिर पहुंचते ही Gambhir ने गर्भगृह में मां बगलामुखी के दर्शन किए। वहां मौजूद पुरोहितों ने मंत्रोच्चार के साथ उनका विधिवत पूजन कराया। पूजा के दौरान Gambhir पूरी तरह ध्यानमग्न नजर आए और उन्होंने मां के चरणों में शीश झुकाकर आशीर्वाद लिया।
विजय की कामना के साथ विशेष हवन
दर्शन-पूजन के बाद मंदिर परिसर में विशेष हवन का आयोजन किया गया। इस हवन में जीत, सफलता और बाधाओं से मुक्ति की कामना की गई। हवन के दौरान वैदिक मंत्रों के उच्चारण से पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। Gambhir ने आहुतियां देकर भारतीय टीम की सफलता और खिलाड़ियों के स्वास्थ्य के लिए प्रार्थना की। बताया जा रहा है कि Gambhir करीब एक घंटे तक मंदिर परिसर में रुके। इस दौरान उन्होंने न केवल पूजा-अर्चना की, बल्कि मंदिर के पुजारियों से मां बगलामुखी मंदिर के इतिहास और महत्व के बारे में भी जानकारी ली।
श्रद्धालुओं में दिखा उत्साह, सुरक्षा रही सख्त
Gambhir के मंदिर आगमन की खबर जैसे ही फैली, वहां मौजूद श्रद्धालुओं में उन्हें देखने और एक झलक पाने को लेकर उत्साह बढ़ गया। कई श्रद्धालु उनके साथ तस्वीर खिंचवाने की कोशिश करते नजर आए। हालांकि सुरक्षा कारणों से Gambhir को विशेष सुरक्षा घेरे में रखा गया था। मंदिर परिसर और आसपास पुलिस तथा प्रशासन पूरी तरह अलर्ट रहा। किसी भी तरह की अव्यवस्था न हो, इसके लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया था। अधिकारियों ने भीड़ को नियंत्रित रखते हुए दर्शन की व्यवस्था सुचारु रूप से चलती रहे, इसका विशेष ध्यान रखा।
भक्ति में रंगे नजर आ रहे हैं Gambhir
यह पहली बार नहीं है जब Gambhir किसी महत्वपूर्ण मुकाबले से पहले धार्मिक स्थल पर पहुंचे हों। हाल के दिनों में वह मध्यप्रदेश में कई धार्मिक स्थलों पर दर्शन करते नजर आए हैं। इससे पहले उन्होंने उज्जैन में बाबा महाकाल के दर्शन भी किए थे और भस्म आरती में शामिल हुए थे। वहां गर्भगृह में पंडितों द्वारा विधिवत पूजन और अभिषेक कराया गया था। Gambhir का मानना रहा है कि आत्मविश्वास, अनुशासन और मानसिक संतुलन खेल में अहम भूमिका निभाते हैं। ऐसे में बड़े मुकाबलों से पहले आध्यात्मिक ऊर्जा लेना उन्हें मानसिक रूप से मजबूत बनाता है। उनके करीबी लोगों का कहना है कि गंभीर धार्मिक आस्था रखते हैं और मुश्किल परिस्थितियों में ईश्वर में विश्वास उन्हें संतुलित बनाए रखता है।
इंदौर वनडे से पहले बढ़ी चर्चा
न्यूजीलैंड के खिलाफ इंदौर में होने वाला यह वनडे मुकाबला सीरीज के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है। ऐसे में टीम इंडिया के कोच Gambhir का मां बगलामुखी मंदिर में पूजा करना क्रिकेट जगत और प्रशंसकों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है। सोशल मीडिया पर भी Gambhir की पूजा-अर्चना की तस्वीरें और खबरें तेजी से वायरल हो रही हैं। कई क्रिकेट प्रशंसकों का मानना है कि यह दौरा टीम इंडिया के लिए शुभ साबित होगा। वहीं कुछ लोग इसे गंभीर की निजी आस्था से जोड़कर देख रहे हैं। हालांकि, इतना तय है कि इस धार्मिक यात्रा ने मैच से पहले माहौल को और भी खास बना दिया है।
