—Advertisement—

,

Indore में निकली भव्य चरण पादुका यात्रा, हेलिकॉप्टर से बरसाए गए फूल

Author Picture
Published On: 12 January 2026
Grand Charan Paduka Procession in Indore; Flowers Rained from Helicopter
— Grand Charan Paduka Procession in Indore; Flowers Rained from Helicopter

—Advertisement—

 

Indore में निकली चरण पादुका यात्रा और भव्य हिंदू सम्मेलन, हेलिकॉप्टर से बरसाए गए फूल; मंत्री विजयवर्गीय भी हुए शामिल

Indore : रविवार को Indore महानगर का हर बस्ती क्षेत्र हिंदू सम्मेलन का साक्षी बना। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के अवसर पर आयोजित ये सम्मेलन न केवल शहर में हिंदू गौरव और एकता का प्रतीक बने, बल्कि समाज में संस्कृति, धर्म और पारिवारिक मूल्यों को पुनः स्थापित करने का संदेश भी फैलाया।

इस अवसर पर दास हनुमान बगीची से निकली भव्य चरण पादुका यात्रा ने उपस्थित समाजजन को मंत्रमुग्ध कर दिया। हेलिकॉप्टर से फूलों की वर्षा की गई, और रास्ते में लोग नाचते-गाते, झूमते-थिरकते नजर आए। यह दृश्य न केवल भव्य था बल्कि हिंदू संस्कृति और श्रद्धा की जीवंत झलक प्रस्तुत कर रहा था।

इस समारोह में केंद्रीय मंत्री और भाजपा नेता श्री विजयवर्गीय भी उपस्थित रहे। उन्होंने समाजजन को संबोधित करते हुए मातृ शक्ति, धर्म और संस्कृति की महत्ता पर प्रकाश डाला और इस बात पर जोर दिया कि हमारी संस्कृति के मूल्यों को जीवित रखना हर नागरिक की जिम्मेदारी है।

सांस्कृतिक कार्यक्रमों का उत्सव

सम्मेलन में बच्चों और युवाओं ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का आयोजन किया, जिसमें नृत्य, गीत और नाटक शामिल थे। इन प्रस्तुतियों ने न केवल उपस्थित लोगों का मनोरंजन किया बल्कि उन्हें हमारी सांस्कृतिक धरोहर और इतिहास से जोड़ने का कार्य भी किया।

भजन मंडलियों ने आध्यात्मिक वातावरण को और अधिक सुंदर और भावपूर्ण बना दिया। भजन की मधुर धुनों और गीतों ने समाज में आध्यात्मिक ऊर्जा और सामूहिक भावनाओं को जागृत किया।

युवाओं ने पूरे आयोजन की व्यवस्थाओं में सक्रिय भागीदारी निभाई। उन्होंने स्वागत, मार्गदर्शन, और कार्यक्रम के संचालन में पूरी मेहनत और उत्साह दिखाया। इससे यह स्पष्ट हुआ कि नई पीढ़ी भी समाज और संस्कृति के मूल्यों के प्रति जागरूक और जिम्मेदार है।

Read Also  : Digvijay Singh का तंज: “Bhagirathpura में मरे लोग भी हिंदू थे, फिर हिंदू सम्मेलन क्यों?”

मातृ शक्ति और संत समाज की भूमिका

सम्मेलन में मातृ शक्ति और संत समाज की भागीदारी विशेष रूप से उल्लेखनीय रही। संत समाज ने अपने उद्बोधन में समाज में एकता और सांस्कृतिक चेतना का महत्व बताया। मातृ शक्ति के प्रतिनिधियों ने पंच परिवर्तन और कुटुंब व्यवस्था को सशक्त बनाने की बात कही।

उन्होंने कहा कि मातृ शक्ति में प्रेम, दया और करुणा के साथ-साथ शक्ति और साहस भी होता है। आवश्यकता पड़ने पर वही शक्ति काली और दुर्गा के रूप में समाज, धर्म और देश की रक्षा कर सकती है।

धर्म, संस्कृति और आदर्श जीवन मूल्य

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के वक्ताओं ने संघ की सौ वर्ष यात्रा और राष्ट्र प्रथम भाव के बारे में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि धर्म का वास्तविक अर्थ और स्वरूप समझकर ही हम अपने कर्तव्यों का पालन सही तरीके से कर सकते हैं।

उदाहरण स्वरूप उन्होंने हमारे इतिहास के महापुरुषों का उल्लेख किया:

  • प्रभु श्रीराम ने 14 वर्षों का वनवास स्वीकार कर पिता के वचन का पालन किया।
  • भरत ने रामजी की पादुकाओं को सिंहासन पर रखकर भाई के धर्म का पालन किया।
  • सावित्री ने अपने पति सत्यवान के जीवन की रक्षा कर पतिव्रता धर्म के आदर्श स्थापित किए।
  • महाराणा प्रताप के समय भामाशाह ने सेना के गठन हेतु धन का दान दिया।

वक्ताओं ने उपस्थित समाज से आग्रह किया कि इन आदर्शों से प्रेरणा लेकर जीवन में सच्चाई, अनुशासन और नैतिक मूल्य स्थापित करें।

समरसता और परिवारिक एकता

सभी सम्मेलनों में भारत माता की आरती और समरसता भोज का आयोजन किया गया, जिसमें हजारों लोग परिवार सहित सम्मिलित हुए। इस आयोजन ने न केवल समाज में एकता और भाईचारे का संदेश दिया बल्कि परिवारों और समुदाय के बीच आपसी सहयोग और प्रेम को भी मजबूत किया।

बच्चों, युवाओं, मातृ शक्ति और वरिष्ठ समाजजन की सक्रिय भागीदारी ने यह स्पष्ट किया कि इंदौर महानगर में हिन्दू समाज संगठित, उत्साही और संस्कृति-प्रेमी है।

Indore में आयोजन का व्यापक पैमाना

आज सम्पन्न हुए हिंदू सम्मेलनों की संख्या लगभग 251 रही, जिसमें इंदौर महानगर के लगभग 12 लाख लोग परिवार सहित शामिल हुए। यह आयोजन न केवल शहर के हर बस्ती क्षेत्र में हिन्दू गौरव और समाजिक एकता का प्रतीक बना बल्कि यह साबित कर गया कि संस्कृति, धर्म और परिवारिक मूल्य आज भी समाज में प्रासंगिक और जीवंत हैं।

आगामी कार्यक्रम:
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के अंतर्गत आयोजित इस श्रृंखला के अगले कार्यक्रम 18 जनवरी 2026 को आयोजित होंगे। इसमें और भी बड़ी संख्या में समाजजन भाग लेने की संभावना है।

निष्कर्ष

Indore महानगर में आयोजित ये हिंदू सम्मेलन स्पष्ट रूप से यह संदेश देते हैं कि धर्म, संस्कृति और पारिवारिक मूल्यों का संरक्षण केवल यादगार उत्सव नहीं बल्कि समाज की जिम्मेदारी है। चरण पादुका यात्रा, हेलिकॉप्टर से फूल बरसाने का भव्य दृश्य, नाचते-गाते समाजजन और मंत्री विजयवर्गीय की सहभागिता इस आयोजन को इतिहास में यादगार बना देती है।

इस आयोजन ने यह भी साबित किया कि समाज जब संगठित होकर अपने आदर्शों और संस्कृति के प्रति जागरूक होता है, तो कोई भी चुनौती उसे रोक नहीं सकती। बच्चों, युवाओं, मातृ शक्ति और वरिष्ठ समाजजन की भागीदारी ने यह संदेश दिया कि हिंदू समाज में गौरव, एकता और संस्कृति का दीपक हमेशा जलता रहेगा।

 

कुमकुम सोनी स्वराज वाणी न्यूज मे कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत है। इन्होंने स्नातक पत्रकारिता एवं जनसंचार से की है। यह विशेषतः राजनीति एवं भू-राजनीति से जुड़े मुद्दों का गहन विशलेषण कर सरल भाषा में आम जनता के समक्ष प्रस्तुत करने का प्रयास करती है।… Read More

Related News
Breaking News हमेशा आपके पास

SwarajVani App Install करें

Latest India News & Breaking Updates — सीधे Home Screen पर

Offline पढ़ें Breaking Alerts बिल्कुल Free
SwarajVani को iPhone पर install करें:
📤 Share बटन दबाएं → "Add to Home Screen" select करें
Home
Web Stories
Instagram
WhatsApp