—Advertisement—

मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना में बड़ा फर्जीवाड़ा 72 लाख के लोन घोटाले में EOW भोपाल ने 5 पर दर्ज किया केस

Author Picture
Published On: 2 January 2026
EOW MP
— मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना के तहत सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया की मंडीदीप शाखा से जुड़े 72 लाख रुपये के लोन फर्जीवाड़े में EOW भोपाल ने बैंक अधिकारियों सहित पांच आरोपियों पर केस दर्ज किया

—Advertisement—

मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना में बड़ा फर्जीवाड़ा 72 लाख के लोन घोटाले में EOW भोपाल ने 5 पर दर्ज किया केस

MP सरकार की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री युवा उद्यनामी योज के तहत बैंक ऋण वितरण में एक बड़ा घोटाला सामने आया है। आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) भोपाल ने सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया की मंडीदीप शाखा से जुड़े 72 लाख रुपये के लोन फर्जीवाड़े में बैंक के तत्कालीन अधिकारियों, निजी फर्म संचालक और लाभार्थी समेत कुल पांच आरोपियों के खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज किया है।

EOW की ओर से यह कार्रवाई विस्तृत जांच, बैंक रिकॉर्ड, आरटीओ दस्तावेज और अन्य विभागों से प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर की गई है। जांच में सामने आया कि सरकारी योजना का लाभ उठाने के लिए जानबूझकर तथ्यों को छिपाया गया और बैंकिंग नियमों की गंभीर अनदेखी की गई।

पुरानी क्रेन की खरीद दिखाकर लिया गया लोन

जांच के अनुसार, वर्ष 2017 में एस.बी./एस.वी. इंटरप्राइजेस नामक फर्म के नाम पर 120 टन क्षमता वाली एक पुरानी ट्रक-माउंटेड क्रेन की खरीद दर्शाकर सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया, मंडीदीप शाखा से 72 लाख रुपये का ऋण स्वीकृत कराया गया। कागजों में परियोजना की कुल लागत करीब एक करोड़ रुपये बताई गई, जिसमें 28 लाख रुपये मार्जिन मनी दर्शाई गई।

इसी आधार पर शासन की मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना के तहत 21 लाख रुपये की सब्सिडी/सरकारी सहायता भी प्राप्त कर ली गई। हालांकि, वास्तविकता में क्रेन की खरीद और स्वामित्व से जुड़े दस्तावेजों में भारी अनियमितताएं पाई गईं।

EOW MP BHOPAL
        मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना में 72 लाख का लोन घोटाला, EOW

पहले से गिरवी थी क्रेन, फिर भी बैंक ने किया लोन मंजूर

EOW की जांच में यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया कि जिस क्रेन को बैंक के पास गिरवी बताया गया था, वह पहले से ही एक्सिस बैंक के पास बंधक थी। इसके बावजूद न तो संबंधित बैंक से एनओसी (No Objection Certificate) ली गई और न ही बैंक के क्षेत्रीय कार्यालय से आवश्यक अनुमति प्राप्त की गई।

इसके अलावा, क्रेन पर आरटीओ में हाइपोथिकेशन दर्ज नहीं कराया गया, जो कि बैंकिंग नियमों का गंभीर उल्लंघन है। भुगतान एक कंपनी के खाते में किया गया, जबकि वाहन का पंजीकरण किसी अन्य कंपनी के नाम पर पाया गया।

बाद में बदला गया स्वामित्व, दूसरी फाइनेंस कंपनी के पास गिरवी

जांच में यह भी सामने आया कि बाद में वही क्रेन लियो इंजीनियरिंग सर्विस के नाम ट्रांसफर कर दी गई और फिर उसे टाटा फाइनेंस के पास गिरवी रख दिया गया। यह पूरा लेन-देन बैंक को बिना सूचना दिए किया गया, जिससे यह साफ हो गया कि शुरुआत से ही धोखाधड़ी की मंशा थी।

कर्ज की किश्तें समय पर जमा नहीं होने के चलते वर्ष 2020 में लोन खाता एनपीए (NPA) घोषित कर दिया गया

शिकायत के बाद शुरू हुई जांच

यह मामला तब उजागर हुआ जब सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के वरिष्ठ क्षेत्रीय प्रबंधक ने 22 अक्टूबर 2021 को भोपाल स्थित EOW कार्यालय में लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में आरोप लगाया गया कि फर्म के प्रोपराइटर विजय पाल सिंह परिहार ने लोन आवेदन के दौरान भ्रामक जानकारी दी और बैंक के साथ-साथ सरकारी योजना को भी नुकसान पहुंचाया।

शिकायत के आधार पर EOW ने बैंक रिकॉर्ड, आरटीओ, जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र (DIC) और अन्य संबंधित विभागों से दस्तावेजों का सत्यापन किया। प्राथमिक जांच में आरोप सही पाए जाने के बाद अब औपचारिक रूप से मामला दर्ज कर लिया गया है।

इन आरोपियों के खिलाफ दर्ज हुआ केस

EOW भोपाल ने इस प्रकरण में निम्नलिखित आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया है—

  • विजय पाल सिंह परिहार (प्रोपराइटर – एस.बी./एस.वी. इंटरप्राइजेस)
  • ज्ञानेन्द्र सिंह असवाल (संचालक – लियो इंजीनियरिंग सर्विस)
  • ऑल कार्गो लॉजिस्टिक लिमिटेड के संचालक
  • वी.वी. अय्यर, तत्कालीन शाखा प्रबंधक, सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया
  • बी.एस. रावत, तत्कालीन लोन प्रभारी

इन सभी पर आईपीसी की धारा 420 (धोखाधड़ी), 409 (अमानत में खयानत), 120-B (आपराधिक षड्यंत्र) तथा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7, 13(1)(क) सहपठित 13(2) के तहत मामला दर्ज किया गया है।

योजना की विश्वसनीयता पर उठे सवाल

मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना का उद्देश्य युवाओं को स्वरोजगार के लिए प्रोत्साहित करना है, लेकिन इस तरह के मामलों ने योजना की पारदर्शिता और निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। EOW अधिकारियों का कहना है कि जांच अभी जारी है और आने वाले दिनों में अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा सकती है।

 

Related News
Breaking News हमेशा आपके पास

SwarajVani App Install करें

Latest India News & Breaking Updates — सीधे Home Screen पर

Offline पढ़ें Breaking Alerts बिल्कुल Free
SwarajVani को iPhone पर install करें:
📤 Share बटन दबाएं → "Add to Home Screen" select करें
Home
Web Stories
Instagram
WhatsApp