Madhya Pradesh Weather December 2025 Update:
मध्यप्रदेश में दिसंबर 2025 के अंतिम सप्ताह में मौसम ने आम जनता के लिए परेशानी बढ़ा दी है। उत्तर भारत से आ रही बर्फीली हवाओं और कोहरे के कारण पूरे प्रदेश में कड़ाके की ठंड छाई हुई है। मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार प्रदेश के कई हिस्सों में न्यूनतम तापमान 4 डिग्री सेल्सियस से नीचे गिर गया है। इस ठंड के कारण जनजीवन प्रभावित हुआ है, सड़कें खाली हैं और रेलवे सेवाओं में देरी ने यात्रियों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं।
पचमढ़ी बना प्रदेश का सबसे ठंडा स्थान
प्रदेश का इकलौता हिल स्टेशन पचमढ़ी सबसे ठंडा रहा, जहाँ न्यूनतम तापमान 3.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। इसके अलावा राजधानी भोपाल में तापमान 8.4°C, इंदौर में 7.5°C और जबलपुर में 10°C दर्ज किया गया। राजगढ़, रीवा, शाजापुर, कल्याणपुर, नौगांव और शिवपुरी जैसे शहरों में भी तापमान 5°C से 6.5°C के बीच रहा। खजुराहो, दतिया, गुना और उमरिया जैसे अन्य शहरों में तापमान 7 से 9 डिग्री के बीच झूल रहा है।
कोहरे ने बढ़ाई मुश्किलें
प्रदेश के कई हिस्सों में घने कोहरे के कारण विजिबिलिटी कम हो गई है। ग्वालियर, चंबल, रीवा और सागर संभाग के जिलों में सुबह के समय दृश्यता महज 200 से 500 मीटर रह गई। इसके कारण सड़क यातायात प्रभावित हुआ। वाहन चालकों को हेडलाइट जलाकर धीमी गति से वाहन चलाने पड़े। भोपाल, इंदौर और अन्य शहरों में सुबह के समय भी कोहरा छाया रहा।
रेलवे यातायात पर कोहरे का असर
कोहरे के कारण रेलवे सेवाएं प्रभावित हुई हैं। दिल्ली-भोपाल रूट की प्रमुख ट्रेनें जैसे शताब्दी, मालवा एक्सप्रेस और सचखंड ट्रेनें 5 से 8 घंटे लेट रही हैं। इसके कारण यात्रियों को स्टेशनों पर लंबी प्रतीक्षा करनी पड़ी। रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से कहा है कि वे यात्रा से पहले अपडेट प्राप्त करें और अतिरिक्त समय की योजना बनाएं।

पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) और ठंड में वृद्धि
मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि 27 दिसंबर 2025 से हिमालयी क्षेत्र में एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहा है। इसके प्रभाव से प्रदेश में ठंडी हवाओं की रफ्तार और बढ़ेगी। नए साल की शुरुआत कड़ाके की ठंड और शीतलहर के साथ होने की संभावना है। फिलहाल अगले पांच दिन मौसम साफ रहेगा, लेकिन न्यूनतम तापमान में गिरावट जारी रहने की चेतावनी दी गई है।
प्रदेश में उत्तरी हवाओं के प्रभाव से दिन का तापमान भी सामान्य से काफी नीचे है। भोपाल, इंदौर, शाजापुर और राजगढ़ में दिन का तापमान भी ठंड के कारण सामान्य से 3-5 डिग्री कम है।
जेट स्ट्रीम का प्रभाव
मौसम विभाग के अनुसार जमीन से लगभग 12.6 किलोमीटर की ऊंचाई पर चल रही जेट स्ट्रीम की रफ्तार 260 किलोमीटर प्रति घंटा है। यह बर्फीली हवा उत्तर भारत के मैदानी क्षेत्रों में तेज ठंड का कारण बन रही है। जेट स्ट्रीम और उत्तरी हवाओं के संयुक्त प्रभाव से मध्यप्रदेश में ठंड का असर तीव्र हो रहा है और आने वाले दिनों में और अधिक महसूस किया जाएगा।
ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में प्रभाव
ग्रामीण क्षेत्रों में सर्दी और कोहरे के कारण किसानों और आम लोगों की परेशानियां बढ़ गई हैं। खुले खेतों में काम करने वाले लोग सुबह-शाम ठंड में ठिठुरते नजर आए। स्कूलों और कॉलेजों में बच्चों के लिए सुबह का समय चुनौतीपूर्ण बना हुआ है।
शहरी क्षेत्रों में भी सड़क यातायात प्रभावित है। कोहरे के कारण वाहन धीमी गति से चल रहे हैं और कई जगह ट्रैफिक जाम की स्थिति बनी हुई है।
भविष्य की संभावना और सावधानियां
मौसम विभाग ने प्रदेशवासियों को चेतावनी दी है कि ठंड के चलते यात्रा और बाहरी कामों में सतर्कता बरती जाए। विशेष रूप से सुबह और रात के समय कोहरे की वजह से विजिबिलिटी कम होने के कारण ड्राइविंग और सड़क यात्रा में सावधानी आवश्यक है।
बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों को ठंड से बचाने के लिए गर्म कपड़े पहनने और ज्यादा समय बाहर न बिताने की सलाह दी गई है। सरकार और प्रशासन ने भी आवश्यक कदम उठाए हैं ताकि ठंड से प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्य किया जा सके।
प्रमुख शहरों में तापमान का हाल
- ग्वालियर: 7.0°C
- इंदौर: 7.5°C
- भोपाल: 8.4°C
- जबलपुर: 10.0°C
- राजगढ़: 5.0°C
- रीवा: 5.4°C
- शाजापुर: 5.5°C
- कल्याणपुर: 5.7°C
- नौगांव: 6.4°C
- शिवपुरी: 6.0°C
- खजुराहो: 7.0°C
- दतिया: 8.0°C
- गुना: 8.8°C
- उमरिया: 9.0°C
- सतना: 8.6°C
- खंडवा और रायसेन: 9.0°C
- मलाजखंड: 9.1°C
- मंडला: 9.2°C
- खरगोन: 9.4°C
- दमोह: 9.5°C
- छिंदवाड़ा-टीकमगढ़: 9.6°C
- बैटूल: 9.7°C
निष्कर्ष
मध्यप्रदेश में ठंड और कोहरे का प्रभाव अभी कुछ दिनों तक बना रहेगा। हिमालयी क्षेत्र में सक्रिय हो रहे पश्चिमी विक्षोभ और जेट स्ट्रीम की तेज़ रफ्तार के कारण नए साल की शुरुआत भीषण शीतलहर के साथ होने की संभावना है। प्रदेशवासियों को आवश्यक सावधानी बरतनी होगी और यात्रा या बाहरी गतिविधियों में सतर्क रहना होगा।
प्रदेश के प्रशासनिक और मौसम विभाग की टीम लगातार स्थिति पर नजर रख रही है और आवश्यक चेतावनी जारी कर रही है। आने वाले दिनों में जनता को मौसम अपडेट के अनुसार तैयारी करनी होगी ताकि ठंड के प्रभाव से बचा जा सके।
