मध्य प्रदेश मजदूरों के लिए STAR जैसी जिंदगी: श्रम विभाग की क्रांतिकारी पहल
भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार ने SHREE पहल में अपने श्रम विभाग के माध्यम से राज्य के मजदूरों के जीवन स्तर को बढ़ाने के लिए एक नया और इनोवेटिव दृष्टिकोण अपनाया है। ‘नये जोश के साथ-नये युग का प्रारंभ’ के तहत श्रम विभाग ने पारंपरिक कार्यशैली को पीछे छोड़कर तकनीकी और आधुनिक उपायों के जरिए मजदूरों के लिए सुविधाओं और कल्याणकारी योजनाओं की एक समग्र प्रणाली तैयार की है।
मध्य प्रदेश सरकार के वर्तमान कार्यकाल के दो वर्षों में श्रम विभाग ने लगातार कई इनोवेटिव आइडियाज पर काम किया, जिनका असर धीरे-धीरे दिखाई देने लगा है। विभाग का लक्ष्य अगले तीन वर्षों में मजदूरों की जिंदगी को अन्य वर्गों की तरह सुख-समृद्ध बनाना है। इसके तहत विभिन्न महत्वाकांक्षी योजनाओं को ‘SHREE गणेश’ नामक पहल के माध्यम से लागू किया जा रहा है।
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श्रम स्टार रेटिंग: उद्योगों और श्रमिकों के हित में
श्रम विभाग ने हाल ही में एक क्रांतिकारी पहल की है, जिसे ‘श्रम स्टार रेटिंग’ कहा गया है। यह पहल उद्योगों और उनके श्रमिकों के लिए कल्याणकारी दृष्टिकोण को बढ़ावा देने के लिए बनाई गई है। इस प्रणाली में उद्योगों के उत्पादन, सेवाओं और श्रमिकों के कल्याण को ध्यान में रखते हुए उन्हें ‘स्टार’ रेटिंग दी जाएगी।
श्रम स्टार रेटिंग के लाभ तीन प्रकार के होंगे:
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उद्योगों की वैल्यू बढ़ेगी, जिससे वे अपने ब्रांड और प्रतिष्ठान को बढ़ावा दे सकेंगे।
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उपभोक्ताओं को बेहतर उत्पाद और सेवाएं उपलब्ध होंगी।
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काम करने वाले श्रमिकों को बेहतर वेतन और सुविधाओं का लाभ मिलेगा।
यह प्रणाली बिल्कुल होटल और अन्य प्रतिष्ठानों में दिए जाने वाले ‘स्टार’ रेटिंग के समान काम करेगी। इसके तहत कारखानों, दुकानों और अन्य व्यवसायिक संस्थाओं को https://sambal.mp.gov.in पर आवेदन करके श्रम स्टार रेटिंग प्राप्त करने का अवसर मिलेगा।

SHREE पहल: मजदूरों की खुशहाली और सशक्तीकरण
श्रम विभाग ने SHREE पहल के तहत एक व्यापक कार्यक्रम शुरू किया है, जिसका उद्देश्य राज्य के विभिन्न सरकारी संसाधनों का उपयोग करते हुए मजदूरों की समग्र स्थिति को सुधारना है। इस पहल के तहत मजदूरों और उनके परिवारों के स्वास्थ्य की बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी, साथ ही बच्चों और युवाओं की शिक्षा को सशक्त बनाने पर भी जोर दिया जाएगा। इसके अलावा, छोटे व्यवसायों और स्वरोजगार के अवसर बढ़ाकर उद्यमिता को प्रोत्साहित किया जाएगा और कार्यस्थलों को सुरक्षित तथा सुविधाजनक बनाने पर भी ध्यान केंद्रित किया जाएगा। SHREE पहल का मुख्य लक्ष्य यह है कि मानव संसाधन का कायाकल्प और सशक्तीकरण किया जाए, ताकि सामाजिक और आर्थिक विकास सतत और व्यापक रूप से हो सके।
AI और डिजिटल तकनीक से बेहतर जानकारी
मध्य प्रदेश के श्रम विभाग ने AI और वीडियो आधारित जानकारी के माध्यम से मजदूरों तक योजनाओं और कल्याणकारी स्कीमों की जानकारी पहुंचाना शुरू किया है। इसमें सरल और सहज भाषा में रील्स और वीडियो बनाकर MPBOCW के सोशल मीडिया पेज पर साझा किया जा रहा है।
इसके अलावा विभाग Uttar-a Software के माध्यम से एक सिंगल विंडो प्लेटफॉर्म विकसित कर रहा है। इसके जरिए मजदूर और सामान्य नागरिक शिकायतें, सुझाव और अन्य जानकारी आसानी से प्राप्त कर सकेंगे। यह प्रणाली पारदर्शिता और सरलता के लिए बनाई गई है।

श्रम विभाग की उपलब्धियां और मंत्री का दृष्टिकोण
श्रम एवं पंचायत मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल ने बताया कि पिछले दो वर्षों में विभाग ने मजदूर-केंद्रित दृष्टिकोण अपनाकर कई महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं। इन पहलों का प्रत्यक्ष लाभ प्रदेश के मजदूरों और उनके परिवारों तक पहुंचा है।
उन्होंने कहा, “हमारा उद्देश्य सिर्फ योजनाएं बनाना नहीं है, बल्कि उन योजनाओं का वास्तविक प्रभाव मजदूरों की जिंदगी में दिखाना है। STAR रेटिंग और SHREE पहल इसके बेहतरीन उदाहरण हैं। तकनीकी और डिजिटल माध्यमों का प्रयोग करके हम हर मजदूर तक योजनाओं की जानकारी सुनिश्चित करेंगे।”
श्रम विभाग की यह पहल राज्य में मजदूरों के जीवन स्तर को सुधारने, उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने और उनके सामाजिक और आर्थिक सशक्तीकरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
