श्री नाकोड़ा पार्श्वनाथ भगवान का ऐतिहासिक वरघोड़ा मेवानगर पेटलावद में हुआ सम्पन्न
पेटलावद, 15 दिसंबर 2025: पवित्र पौष दशमी के अवसर पर मेवानगर पेटलावद में एक ऐतिहासिक और भव्य वरघोड़ा का आयोजन किया गया। यह विशेष आयोजन दामोदर कॉलोनी स्थित भैरव दरबार से प्रारंभ हुआ, जहां 21 बग्गियों के साथ भव्य रूप में श्री नाकोड़ा पार्श्वनाथ भगवान की शोभायात्रा आयोजित की गई। इस वरघोड़े के दौरान पूरे नगर में श्री पार्श्वनाथ भगवान के जयकारे गूंजते रहे, और हर कदम पर श्रद्धालु पूजा-अर्चना करते नजर आए।
अश्व पर जैन ध्वज और बग्गियों में भगवान की आराधना
वरघोड़े की शुरूआत दामोदर कॉलोनी से हुई, जिसमें 21 बग्गियां थीं। पहले बग्गी में श्री पार्श्वनाथ भगवान की प्रतिमा विराजमान थी, जबकि दूसरे बग्गी में नाकोड़ा भैरव की मूर्ति को उनके भक्त लेकर नगर भ्रमण कर रहे थे। साथ ही, वरघोड़े के दौरान पांच अश्व पर जैन ध्वज भी लहराते हुए चल रहे थे। यह दृश्य मेवानगर की गलियों में श्रद्धा और आस्था का अनुपम संगम बना।

संगीत और भजनों से हुई जयकारे की गूंज
नगर के प्रमुख मार्गों पर ट्रस्टी राजेश नलखेड़ा और मनीष कुमट झकनावदा द्वारा संगीत और भजन प्रस्तुतियां दी गईं। जहां राजेश नलखेड़ा ने “मेरे मन में पारसनाथ” जैसे भजन प्रस्तुत किए, वहीं मनीष कुमट ने “ओ भेरू सा, थारो भक्त बनू” जैसे भजन से श्रद्धालुओं को भक्ति में रंग दिया। इसके अलावा, वरघोड़े में शामिल महिलाएं हाथों में श्रीफल लेकर और पुरुष सिर पर पगड़ी पहनकर अपने श्रद्धा भाव को प्रकट करते हुए चल रहे थे।
महाआरती और चढ़ावे के साथ हुआ आयोजन का समापन
श्री नाकोड़ा पार्श्वनाथ भगवान के साथ इस आयोजन का समापन महाआरती और चढ़ावे के साथ हुआ। ट्रस्टी राजेश काठेड़ और मनीष कुमट के नेतृत्व में भगवान पार्श्वनाथ और नाकोड़ा भैरव की महाआरती की गई, जिसमें भक्तों ने बढ़-चढ़कर चढ़ावा लिया और अपने आशीर्वाद की प्राप्ति की। इसके बाद आयोजन का सिलसिला और भी शानदार बन गया।

महत्वपूर्ण योगदान देने वाले सभी को सम्मानित किया गया
इस अवसर पर पेटलावद के वरिष्ठ पत्रकारों और कार्यकर्ताओं का भी सम्मान किया गया। ट्रस्टी राजेश काठेड़ और अन्य कार्यकर्ताओं ने पत्रकारों और लाभार्थियों को दुपट्टा और पगड़ी पहनाकर उन्हें सम्मानित किया। इस सम्मान समारोह में पेटलावद नगर के वरिष्ठ पत्रकार संजय लोढ़ा, निर्मल व्यास, संजय बैरागी और अन्य ने अपनी उपस्थिति से कार्यक्रम की गरिमा को बढ़ाया।
भव्य वरघोड़े में देशभर से श्रद्धालुओं की उपस्थिति
राजस्थान, गुजरात, महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश, चेन्नई, हैदराबाद, बेंगलोर और दिल्ली से बड़ी संख्या में भक्तों ने इस ऐतिहासिक वरघोड़े में भाग लिया और श्री नाकोड़ा पार्श्वनाथ भगवान के दर्शन लाभ लिया। इस दौरान गादीपति श्री सुमित जी पिपाड़ा से भी भक्तों ने आशीर्वाद प्राप्त किया।

श्री नाकोड़ा पार्श्वधाम का निर्माण जल्द
इस अवसर पर ट्रस्टी राजेश काठेड़ नलखेड़ा ने एक महत्वपूर्ण घोषणा की। उन्होंने बताया कि मध्यप्रदेश की दूसरी मेवानगरी पेटलावद में जल्द ही श्री नाकोड़ा पार्श्वधाम का निर्माण किया जाएगा। यह धाम राजस्थान की प्रथम मेवानगरी के बाद मध्यप्रदेश का दूसरा मेवानगरी होगा, जो आचार्य युवा हृदय सम्राट परम पूज्य श्री विश्वरत्न सागर सूरिश्वर जी महाराज की पावन निश्रा में बनेगा। इस निर्माण में इच्छुक लाभार्थी श्री नाकोड़ा पार्श्व भैरव ट्रस्ट से संपर्क कर सकते हैं।
रात्रि भक्ति संध्या में भक्तों का उत्साह
वरघोड़े के बाद रात में भव्य भक्ति संध्या का आयोजन किया गया, जिसमें गीतकार श्रेयांश दख और संभव भंडारी ने भजनों की प्रस्तुतियां दीं। उनके भजनों पर भक्तों ने नृत्य किया और भक्ति में सराबोर हो गए। इस भक्ति संध्या में आसपास के क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित हुए और भगवान की भक्ति का आनंद लिया।
सफल आयोजन में कार्यकारिणी का योगदान
इस ऐतिहासिक आयोजन की सफलता में मेवानगर पेटलावद कार्यकारिणी का महत्वपूर्ण योगदान रहा। कार्यक्रम के समापन पर ट्रस्टी और कार्यकारिणी के सदस्यों ने सभी का आभार व्यक्त किया। इस आयोजन को सफल बनाने के लिए सभी लाभार्थियों और श्रमदानियों को धन्यवाद दिया गया।
