उत्तर कोरिया ने अमेरिका और दक्षिण कोरिया की बढ़ती सैन्य साझेदारी पर खुलकर नाराजगी जताई है। प्योंगयांग ने साफ किया है कि वह अपने “दुश्मनों के खिलाफ और अधिक आक्रामक कदम” उठाने के लिए तैयार है। यह बयान उत्तर कोरिया के हाल ही में पूर्वी तट पर किए गए बैलिस्टिक मिसाइल परीक्षण के ठीक एक दिन बाद आया।

अमेरिकी विमान वाहक और सुरक्षा वार्ता पर असंतोष
उत्तर कोरिया ने दक्षिण कोरिया के बुसान बंदरगाह में अमेरिकी विमान वाहक की एंट्री और हाल ही में हुई सुरक्षा वार्ता पर सख्त आपत्ति जताई। उत्तर कोरिया के रक्षा मंत्री नो क्वांग चोल ने कहा कि प्योंगयांग अमेरिकी सैन्य मौजूदगी और सुरक्षा सहयोग को क्षेत्र में तनाव बढ़ाने वाला कदम मानता है। उनका कहना था कि अमेरिका और दक्षिण कोरिया मिलकर उत्तर कोरिया के खिलाफ सैन्य रोकथाम बढ़ा रहे हैं और अपने पारंपरिक और परमाणु हथियारों को एकीकृत करने की योजना बना रहे हैं।
नो क्वांग चोल ने चेतावनी दी, “यह डीपीआरके (Democratic People’s Republic of Korea) के खिलाफ उनकी शत्रुतापूर्ण नीयत का खुला और स्पष्ट संकेत है। हम दुश्मनों की धमकियों के खिलाफ सुरक्षा सुनिश्चित करने और शांति की रक्षा के लिए और अधिक आक्रामक कदम उठाएंगे।” उन्होंने अमेरिकी विमान वाहक जॉर्ज वॉशिंगटन की बुसान में एंट्री और हाल ही में हुए संयुक्त हवाई अभ्यासों का हवाला देते हुए इसे तनाव बढ़ाने वाला कदम बताया।
संयुक्त सैन्य अभ्यासों का विरोध
उत्तर कोरिया ने अमेरिका-दक्षिण कोरिया की सुरक्षा साझेदारी को क्षेत्रीय तनाव बढ़ाने वाला कदम बताया। नो क्वांग चोल ने कहा कि अमेरिका और दक्षिण कोरिया मिलकर प्योंगयांग के खिलाफ एक आक्रामक रणनीति तैयार कर रहे हैं। उन्होंने अमेरिकी प्रतिबंधों और साइबर मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों को भी आलोचना का विषय बताया, जिन्हें अमेरिका ने हाल ही में लगाए हैं।
अमेरिका और दक्षिण कोरिया का जवाब
अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने कहा कि अमेरिका-दक्षिण कोरिया गठबंधन का मुख्य उद्देश्य उत्तर कोरिया को रोकना है। उन्होंने यह भी बताया कि अमेरिका क्षेत्रीय खतरों के अनुसार सैनिकों की तैनाती में लचीलापन रखता है। वहीं, दक्षिण कोरिया ने अमेरिकी विमान वाहक की मौजूदगी को केवल रसद और क्रू के विश्राम तक सीमित बताया।
क्षेत्रीय तनाव बढ़ा
विशेषज्ञों का मानना है कि उत्तर कोरिया की यह गतिविधि न सिर्फ कोरियाई प्रायद्वीप बल्कि पूरे पूर्व एशिया में तनाव बढ़ा सकती है। पिछले हफ्ते प्योंगयांग ने पश्चिमी कोरियाई प्रायद्वीप में क्रूज मिसाइलों का परीक्षण किया था। यह परीक्षण अमेरिकी प्रतिबंधों और अमेरिका-दक्षिण कोरिया के संयुक्त अभ्यासों के बाद हुआ।
सुरक्षा और वार्ता के बीच संतुलन
उत्तर कोरिया ने कहा है कि उसकी आने वाली गतिविधियाँ राष्ट्रीय सुरक्षा की रक्षा के लिए होंगी। वहीं अमेरिका और दक्षिण कोरिया दोनों ने क्षेत्रीय तनाव को कम करने और वार्ता के जरिए समाधान खोजने की कोशिशें जारी रखी हैं।
