नागदा में कानून-व्यवस्था एवं मानवाधिकार सुरक्षा पर सौजन्य भेंट
भारतीय मानव अधिकार सहकार ट्रस्ट (रजि.) की टीम ने आज नागदा क्षेत्र की कानून-व्यवस्था एवं जनसुरक्षा की स्थिति पर चर्चा की
नागदा (मध्य प्रदेश) – आज, 2 नवंबर 2025 को, भारतीय मानव अधिकार सहकार ट्रस्ट (रजि.) के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुनील सिंह यादव जी और उनके नेतृत्व में राष्ट्रीय मंत्री डॉ हरीश शर्मा, राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य मनीष गुप्ता सहित अन्य सदस्यों ने नागदा मंडी थाना प्रभारी अमृतलाल गवारी एवं बिरला ग्राम थाना प्रभारी जितेन्द्र पाटीदार से सौजन्य भेंट की। बैठक का मुख्य उद्देश्य क्षेत्र की शांति, अपराध नियंत्रण तथा मानवाधिकारों की रक्षा स्थिति का आकलन करना रहा।
बैठक में ट्रस्ट की टीम ने थाना प्रभारियों से विस्तृत रूप से संवाद किया, जिसमें शामिल थे:
- क्षेत्रीय कानून-व्यवस्था की वर्तमान स्थिति पर समीक्षा
- जनसुरक्षा एवं नागरिकों के मानवाधिकार संरक्षण के उपाय
- पुलिस एवं समाज के बीच विश्वास एवं संवाद को सुदृढ़ बनाने की दिशा
- आगामी सामाजिक तथा जन-जागरूकता अभियानों की रूपरेखा
राष्ट्रीय अध्यक्ष सुनील सिंह यादव ने इस अवसर पर कहा:
“भारतीय मानव अधिकार सहकार ट्रस्ट सदैव प्रशासन के सहयोग से समाज में न्याय, समानता और मानवाधिकारों की रक्षा हेतु कार्य करता रहेगा। हमारा उद्देश्य है कि जनता और पुलिस प्रशासन के बीच आपसी संवाद और विश्वास को और अधिक मजबूत किया जाए।”
यादव ने आगे बताया कि ट्रस्ट आने वाले समय में “कानून जागरूकता एवं मानवाधिकार सुरक्षा अभियान” आयोजित करने जा रहा है, जिसमें आम नागरिकों को उनके अधिकारों एवं कर्तव्यों की जानकारी दी जाएगी तथा क्षेत्र में मानवाधिकार-सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर जागरूकता फैलाई जाएगी।
बैठक में उपस्थित प्रमुख सदस्य
भेंट के दौरान ट्रस्ट की राष्ट्रीय टीम ने थाना प्रभारियों से अपने युवा-विंग एवं प्रदेश/संभाग पदाधिकारियों का परिचय कराया। इनमें शामिल थे:
- युवा विंग के राष्ट्रीय अध्यक्ष कृष्णा यादव
- युवा विंग प्रदेश संगठन मंत्री विनायक गुप्ता
- युवा विंग उज्जैन संभाग अध्यक्ष युवराज सिंह राठौर
- अन्य सक्रिय पदाधिकारी एवं सामाजिक कार्यकर्ता
थाना प्रभारियों ने ट्रस्ट द्वारा किए गए सामाजिक कार्यों तथा जन-जागरूकता अभियानों की प्रशंसा करते हुए आगामी गतिविधियों में पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया।
प्रमुख चर्चासूत्र एवं आगे की रूपरेखा
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कानून-व्यवस्था एवं अपराध-नियंत्रण
भेंट के दौरान थाना प्रभारी अमृतलाल गवारी व जितेन्द्र पाटीदार ने क्षेत्र में वर्तमान अपराध-प्रवृत्तियों का ब्यौरा साझा किया। उन्होंने बताया कि हाल की अवधि में कुछ विशिष्ट घटनाओं पर त्वरित कार्रवाई हुई है तथा पुलिस-प्रादेशिक प्रशासन द्वारा सुरक्षा उपायों को और सघन करने की योजना है। ट्रस्ट की टीम ने संवाद में सुझाव दिए कि समाज-सहयोग एवं नागरिक सहभागिता को और बढ़ाया जाए, ताकि अपराध-नियंत्रण में समुदाय-पुलिस साझेदारी मजबूत हो सके। -
मानवाधिकार सुरक्षा एवं जागरूकता
चर्चा में विशेष रूप से यह विषय उभरा कि कानून-सुरक्षा के साथ-साथ नागरिकों के मानवाधिकारों की रक्षा की दिशा में क्या कदम उठाए जा सकते हैं। ट्रस्ट की टीम ने यह बल दिया कि सुरक्षा-प्रक्रिया में मानवीय दृष्टिकोण, पारदर्शिता एवं नागरिक संवाद अहम हैं। उन्होंने बताया कि आगामी अभियान में स्थानीय-स्तर पर कार्यशालाएँ, नागरिक पेटीशंस, सामाजिक मीडिया-सक्रियता तथा स्कूल-कॉलेजों में मानवाधिकार-प्रशिक्षण शामिल होंगे। -
पुलिस-सामाजिक संवाद एवं विश्वास-निर्माण
बैठक में यह परस्पर सहमति बनी कि पुलिस तथा समाज के बीच संवाद को और खुलेपन के साथ आगे बढ़ाया जाए। थाना प्रभारियों ने यह स्वीकार किया कि नागरिक-शिकायत शिकायत प्रक्रिया को सरल एवं अधिक सहज बनाना आवश्यक है। इसके लिए ट्रस्ट एवं स्थानीय पुलिस मिलकर ‘ओपन थाने’ कार्यक्रम, संवाद-शिविर तथा ‘पुलिस-पब्लिक मीटिंग’ आयोजित करने पर विचार कर रहे हैं। -
भविष्य-उन्मुख पहल एवं अभियान
ट्रस्ट ने निर्धारण किया कि जल्द ही नागदा क्षेत्र में “कानून जागरूकता एवं मानवाधिकार सुरक्षा अभियान” का उद्घाटन किया जाएगा। इस अभियान के तहत:
- नागरिकों को उनके विधिक अधिकार-दायित्वों की जानकारी देना
- युवा वर्ग में जागरूकता बढ़ाना
- विशेष रूप से महिलाओं, बच्चों तथा कमजोर वर्गों के अधिकार-सुरक्षा विषयक सत्र आयोजित करना
- स्कूल-कॉलेजों में कानूनी शिक्षा-प्रसार तथा प्रश्न-उत्तर सत्र संचालित करना
- सामाजिक मंचों, मीडिया तथा स्थानीय-समूहों के माध्यम से व्यापक जन-संपर्क करना
निष्कर्ष
इस सौजन्य भेंट ने यह स्पष्ट संदेश दिया है कि नागरिक-सुरक्षा, कानून-व्यवस्था तथा मानवाधिकार-सुरक्षा सिर्फ प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज-सभी का साझा प्रयास होकर आगे बढ़ सकती है। भारतीय मानव अधिकार सहकार ट्रस्ट (रजि.) ने अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है कि वह जन-प्रशासन संवाद, सामाजिक भागीदारी एवं मानव-केन्द्रित जागरूकता अभियानों के माध्यम से क्षेत्रीय शांति-सुरक्षा को और सुदृढ़ बनाएगा।
थाना प्रभारियों द्वारा दिए गए सहयोग-आश्वासन ने स्थानीय-स्तर पर सकारात्मक संकेत दिए हैं कि आगामी पहल सफलतापूर्वक संचालित हो सकती है। ट्रस्ट व पुलिस प्रशासन के इस संवादात्मक मिलन को आगामी सक्रियता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
सम्पर्क जानकारी:
पत्रकार – जीवन लाल जैन, नागदा
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