—Advertisement—

भारत ने गाजा शांति योजना का किया स्वागत: पीएम मोदी ने ट्रंप और नेतन्याहू से की बातचीत, आतंकवाद पर दोहराया सख्त रुख, पश्चिम एशिया में स्थायी शांति की उम्मीद

Author Picture
Published On: 10 October 2025
gaza peace agreement 2025 09 30 10 25 41

—Advertisement—

भारत ने गाजा शांति पहल का किया स्वागत, पीएम मोदी ने ट्रंप और नेतन्याहू से की बात — आतंकवाद पर दोहराया सख्त रुख

नई दिल्ली, अक्टूबर 2025।
भारत ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप की पहल पर बनी गाजा शांति योजना (Gaza Peace Plan) के पहले चरण के समझौते का गर्मजोशी से स्वागत किया है। इस ऐतिहासिक समझौते के तहत इजरायल और हमास ने गाजा में जारी संघर्ष को रोकने की घोषणा की है, जिससे क्षेत्र में शांति की उम्मीदें फिर से जगी हैं। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप और इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से टेलीफोन पर बातचीत कर उन्हें इस उपलब्धि के लिए बधाई दी और क्षेत्र में स्थायी शांति की दिशा में उठाए गए कदमों की सराहना की।

मोदी ने ट्रंप को दी गाजा शांति योजना पर बधाई

पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर लिखा —

“मित्र डोनल्ड ट्रंप से बात की और ऐतिहासिक गाजा शांति योजना की सफलता के लिए उन्हें हार्दिक बधाई दी। साथ ही भारत–अमेरिका के बीच चल रही कारोबारी वार्ता की सकारात्मक प्रगति की भी समीक्षा की। आने वाले दिनों में हम संपर्क बनाए रखेंगे।”

मोदी की यह टिप्पणी इस बात का संकेत है कि भारत–अमेरिका के बीच व्यापारिक समझौते पर बातचीत अब निर्णायक चरण में पहुँच चुकी है। यह पहला मौका है जब प्रधानमंत्री ने खुद सार्वजनिक रूप से इन वार्ताओं की प्रगति को ‘उत्साहजनक’ बताया है।

नेतन्याहू से भी हुई बात, आतंकवाद पर कड़ा संदेश

ट्रंप से बातचीत के तुरंत बाद पीएम मोदी ने इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से भी फोन पर चर्चा की। उन्होंने लिखा —

“मैंने मित्र नेतन्याहू से बात की और राष्ट्रपति ट्रंप के नेतृत्व में गाजा शांति योजना की प्रगति के लिए उन्हें बधाई दी। हमने बंधकों की रिहाई और गाजा के नागरिकों को दी जा रही मानवीय सहायता का स्वागत किया। साथ ही यह दोहराया कि आतंकवाद किसी भी रूप में और कहीं भी स्वीकार्य नहीं है।

मोदी ने अपने संदेश में यह स्पष्ट किया कि भारत आतंकवाद के खिलाफ अपनी शून्य-सहनशीलता की नीति पर कायम है और अंतरराष्ट्रीय समुदाय को भी इस दिशा में एकजुट होकर कार्य करना चाहिए।

भारत की आधिकारिक प्रतिक्रिया — स्थायी शांति की उम्मीद

प्रधानमंत्री मोदी ने इन दोनों नेताओं से बातचीत से पहले ही एक्स पर एक आधिकारिक बयान जारी किया था। उसमें उन्होंने कहा था —

“भारत राष्ट्रपति ट्रंप की शांति योजना के पहले चरण पर हुए समझौते का स्वागत करता है। यह प्रधानमंत्री नेतन्याहू के सशक्त नेतृत्व को दर्शाता है। हमें उम्मीद है कि बंधकों की रिहाई और गाजा के नागरिकों के लिए बढ़ाई गई मानवीय सहायता उन्हें राहत देगी और क्षेत्र में स्थायी शांति का मार्ग प्रशस्त करेगी।”

यह बयान भारत की उस संतुलित कूटनीतिक नीति को दर्शाता है, जिसके तहत देश पश्चिम एशिया में स्थिरता, मानवीय सहायता और आतंकवाद के खात्मे — तीनों को समान प्राथमिकता देता है।

ब्रिटिश पीएम के साथ भी गाजा पर चर्चा

गुरुवार को मुंबई में प्रधानमंत्री मोदी की मुलाकात ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर से हुई। दोनों नेताओं ने गाजा में हालिया घटनाक्रम और पश्चिम एशिया में शांति स्थापना के प्रयासों पर विस्तार से चर्चा की। दोनों प्रधानमंत्रियों ने सार्वजनिक मंच से भी शांति समझौते का स्वागत किया और क्षेत्र में स्थिरता बहाल होने की उम्मीद जताई।

भारत के लिए क्यों महत्वपूर्ण है पश्चिम एशिया में स्थिरता

पश्चिम एशिया (West Asia) में शांति बहाल होना भारत के लिए कई मायनों में अहम है। इस क्षेत्र में लगभग एक करोड़ भारतीय काम करते हैं, जिनकी सुरक्षा और आजीविका भारत की प्राथमिकता है। इसके अलावा भारत अपनी ऊर्जा आवश्यकताओं का बड़ा हिस्सा सऊदी अरब, यूएई, कतर जैसे देशों से आयात करता है। क्षेत्रीय अस्थिरता से न सिर्फ तेल–गैस की आपूर्ति प्रभावित होती है, बल्कि भारतीय निर्यात और विदेशी निवेश पर भी असर पड़ता है।

भारत के लिए यह क्षेत्र रणनीतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण है —

  • इजरायल से भारत को अत्याधुनिक रक्षा प्रौद्योगिकी और साइबर सुरक्षा सहयोग मिलता है।
  • अरब देशों से ऊर्जा आपूर्ति और प्रवासी रोजगार के अवसर जुड़े हैं।
  • वहीं, अमेरिका और ब्रिटेन जैसे देशों के साथ राजनयिक तालमेल भारत की वैश्विक स्थिति को और मजबूत करता है।

निष्कर्ष

भारत का गाजा शांति पहल का समर्थन न सिर्फ एक कूटनीतिक कदम है, बल्कि यह देश की ‘विश्व शांति और सहयोग’ की नीति का प्रत्यक्ष उदाहरण भी है। प्रधानमंत्री मोदी ने जिस तरह आतंकवाद के खिलाफ सख्त रुख दोहराया और मानवीय सहायता पर जोर दिया, वह स्पष्ट करता है कि भारत संतुलित, मानवीय और स्थायी शांति का समर्थक है।

Related News
Breaking News हमेशा आपके पास

SwarajVani App Install करें

Latest India News & Breaking Updates — सीधे Home Screen पर

Offline पढ़ें Breaking Alerts बिल्कुल Free
SwarajVani को iPhone पर install करें:
📤 Share बटन दबाएं → "Add to Home Screen" select करें
Home
Web Stories
Instagram
WhatsApp