डब्ल्यूपीएसी 2025 का भव्य उद्घाटन: पीएम मोदी ने पैरा एथलीट्स की उपलब्धियों को सराहा
लखनऊ, सितंबर 2025: इंडियनऑयल नई दिल्ली 2025 वर्ल्ड पैरा एथलेटिक्स चैंपियनशिप (डब्ल्यूपीएसी 2025) का उद्घाटन गुरुवार को जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम, लखनऊ में आयोजित भव्य समारोह में हुआ। इस ऐतिहासिक अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि पैरा एथलीट्स ने बाधाएँ तोड़कर नए मानक स्थापित किए हैं और भारत को एक “खेलप्रेमी और समावेशी राष्ट्र” के रूप में दुनिया के सामने पेश किया है।
युवा मामले और खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने उद्घाटन समारोह की घोषणा की। इस बार टीम इंडिया रिकॉर्ड 74 पैरा एथलीट्स के साथ मैदान में उतरेगी, जो भारत में अब तक का सबसे बड़ा पैरा स्पोर्ट्स दल है। डब्ल्यूपीएसी 2025 में 104 देशों के 2200 से अधिक प्रतिभागी हिस्सा लेंगे, और प्रतियोगिता का समापन 5 अक्टूबर को होगा।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, “पैरा एथलीट्स ने अपनी मेहनत और समर्पण से लाखों लोगों को खेल को जीवन का हिस्सा बनाने के लिए प्रेरित किया है। खेल लोगों को जोड़ने का सबसे बेहतरीन माध्यम है, जो धर्म, क्षेत्र और राष्ट्रीयता जैसी सारी बाधाओं से ऊपर उठाता है।”
डब्ल्यूपीएसी 2025 भारत, कतर (2015), यूएई (2019) और जापान (2024) के बाद वर्ल्ड पैरा एथलेटिक्स चैंपियनशिप की मेज़बानी करने वाला चौथा एशियाई देश बन गया है। यह आयोजन पैरा ओलंपिक कमिटी ऑफ इंडिया द्वारा आयोजित किया जा रहा है।
उद्घाटन समारोह में कई गणमान्य अतिथि उपस्थित थे, जिनमें युवा राज्य मंत्री श्रीमती रक्षा खडसे, दिल्ली की मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता, सांसद श्रीमती कंगना रनौत, दिल्ली के शिक्षा मंत्री श्री अशिष सूद और वर्ल्ड पैरा एथलेटिक्स अध्यक्ष श्री पॉल फिट्ज़गेराल्ड शामिल थे।
इस वर्ष डब्ल्यूपीएसी नेहरू स्टेडियम में नए बिछाए गए नीले मोंडो ट्रैक पर आयोजित किया जा रहा है, जिसे पेरिस पैरालिंपिक्स 2024 में भी इस्तेमाल किया गया था। डॉ. मांडविया ने स्टेडियम में मोंडो वार्म-अप ट्रैक और मल्टी-स्पेशलिटी जिमनैजियम का भी उद्घाटन किया, जहाँ एक साथ 200 से अधिक खिलाड़ी अभ्यास कर सकते हैं।
डॉ. मांडविया ने कहा, “यह आयोजन केवल इन्फ्रास्ट्रक्चर का प्रदर्शन नहीं है, बल्कि सोच में बदलाव और पैरा एथलीट्स के लिए मजबूत सपोर्ट सिस्टम स्थापित करने का संदेश भी है।”
डब्ल्यूपीएसी के माध्यम से भारत 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स और 2036 ओलंपिक की तैयारी में भी तेजी लाने वाला है। प्रधानमंत्री मोदी ने पैरा एथलीट्स की उपलब्धियों की सराहना करते हुए कहा, “उनकी मेहनत और हिम्मत ने दिखाया कि कोई चुनौती असंभव नहीं है।”
भारत ने पिछले वर्षों में पैरा एथलेटिक्स में लगातार सफलता हासिल की है। कोबे, जापान में हुए वर्ल्ड पैराएथलेटिक्स चैंपियनशिप में भारत ने 17 पदक जीते थे, और 2023 पेरिस प्रतियोगिता में भारत ने 10 पदक जीतकर अपना रिकॉर्ड तोड़ा।
डब्ल्यूपीएसी 2025 अब भारत में पैरा स्पोर्ट्स के इतिहास में एक यादगार आयोजन बन चुका है, जो प्रतिभा, प्रेरणा और समावेशिता का प्रतीक है।


