—Advertisement—

“टैरिफ को जादुई छड़ी मानते हैं ट्रंप? शशि थरूर का सीधा और करारा वार”

Author Picture
Published On: 23 September 2025
ANI 20250610152 0 1752153493414 1752153501114 1757683731392

—Advertisement—

शशि थरूर का अमेरिका और ट्रंप की नीतियों पर तीखा हमला

नई दिल्ली। कांग्रेस सांसद और पूर्व विदेश राज्य मंत्री शशि थरूर ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की नीतियों पर कड़ा रुख अपनाया है। उनका कहना है कि ट्रंप टैरिफ़ (आयात शुल्क) को किसी जादुई छड़ी की तरह देखते हैं, मानो हर समस्या का हल वहीं से निकल आए। थरूर ने साफ कहा कि अमेरिका द्वारा भारत पर अतिरिक्त शुल्क लगाने और एच-1बी वीज़ा शुल्क को आसमान छूने जितना बढ़ा देने के फैसले से भारतीय समाज और कारोबारी वर्ग में नाराज़गी गहराई है।

maxresdefault 10


टैरिफ पर कड़ी प्रतिक्रिया

थरूर ने एएनआई से बातचीत में कहा कि ट्रंप को लगता है कि अगर आयात महंगा कर दिया जाए तो अमेरिकी उद्योगों को मजबूरन अपने देश में उत्पादन करना पड़ेगा और इस तरह वहां के लोगों को रोज़गार मिलेगा। इसके अलावा, वह मानते हैं कि टैरिफ से अरबों डॉलर की कमाई होगी और अमेरिका का वित्तीय घाटा घटेगा। लेकिन थरूर के मुताबिक, यह सोच अव्यावहारिक है और इसका सीधा असर भारत जैसे देशों पर पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि भारत में इस कदम से रोष है और ट्रंप प्रशासन की भाषा भी अस्वीकार्य रही है।


समझौते की उम्मीद

थरूर ने यह भी इशारा किया कि भारत-अमेरिका के बीच अभी बातचीत जारी है। वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल अमेरिकी पक्ष से चर्चा कर रहे हैं और संभावना है कि आयात शुल्क में कुछ नरमी आए। उनका कहना था कि अगर 25 प्रतिशत टैरिफ को घटाकर 15-20 प्रतिशत कर दिया जाए तो व्यापारिक माहौल सामान्य हो सकता है। हालांकि, उन्होंने माना कि पूरी समस्या सिर्फ आर्थिक नहीं बल्कि राजनीतिक भी है, जिसका समाधान सरल नहीं है।


एच-1बी वीज़ा शुल्क पर आलोचना

अमेरिका द्वारा एच-1बी वीज़ा शुल्क को एक लाख डॉलर तक कर दिए जाने पर भी थरूर ने सख़्त प्रतिक्रिया दी। उनके अनुसार, यह निर्णय अमेरिकी घरेलू राजनीति से प्रेरित है। ट्रंप को लगता है कि भारतीय आईटी प्रोफेशनल्स सस्ते में काम करके अमेरिकी नागरिकों का अवसर छीन रहे हैं। इसी कारण उन्होंने शुल्क इतना बढ़ा दिया कि सिर्फ वे ही लोग वहां जा पाएँगे जिनकी विशेषज्ञता अपरिहार्य है। थरूर का कहना है कि इसका उल्टा असर होगा—कंपनियाँ अब सीधे आउटसोर्सिंग का विकल्प चुनेंगी और नौकरियाँ अमेरिका से बाहर, भारत और अन्य देशों में शिफ्ट होंगी।


अमेरिका-पाकिस्तान संबंधों पर नाराज़गी

थरूर ने अमेरिका और पाकिस्तान की नजदीकी पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि भारत को यह भूलना नहीं चाहिए कि पाकिस्तान लंबे समय से अमेरिका का रणनीतिक सहयोगी रहा है। आईएसआई की स्थापना भी अमेरिकी मदद से हुई थी और कई पाकिस्तानी अफसर वहां ट्रेनिंग लेते रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह संबंध नया नहीं है, बल्कि दशकों पुराना है। भारत के लिए भले ही यह स्थिति निराशाजनक लगे, लेकिन यह ऐतिहासिक हकीकत है जिसे नज़रअंदाज़ नहीं किया जा सकता।

congress mp shashi tharoor us tariffs h 1b visa visa fee hike donald trump ceasefire claim 182aa58da95c3f39320d0dabe94b7895


भारत-पाकिस्तान संघर्ष में अमेरिकी दखल

थरूर ने ट्रंप के उस दावे को भी खारिज किया जिसमें उन्होंने कहा था कि अमेरिका ने भारत और पाकिस्तान के बीच संघर्ष रोकने में अहम भूमिका निभाई। उन्होंने कहा, “भारत ने कभी मध्यस्थता नहीं मांगी। हमारा स्पष्ट संदेश था कि अगर पाकिस्तान रुकेगा तो हम भी रुकेंगे।” हाँ, अगर वॉशिंगटन ने इस्लामाबाद को संयम बरतने की सलाह दी, तो इसके लिए आभार जताना अलग बात है।


पाकिस्तान-सऊदी समझौते पर प्रतिक्रिया

पाकिस्तान और सऊदी अरब के बीच हाल में हुए रक्षा समझौते पर थरूर ने कहा कि यह कोई नई पहल नहीं बल्कि पुरानी व्यवस्था को औपचारिक रूप देने जैसा है। पाकिस्तान हमेशा से मुस्लिम जगत में अपनी छवि एक “सुरक्षा शक्ति” के रूप में गढ़ने की कोशिश करता आया है। हालांकि, उन्होंने यह जरूर माना कि समझौते में “एक पर हमला, दोनों पर हमला” जैसी धाराएँ चिंताजनक हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि भारतीय कूटनीतिज्ञ इस मुद्दे पर सऊदी अरब से संवाद कर रहे होंगे।


थरूर का निष्कर्ष

कांग्रेस सांसद ने अंत में कहा कि भारत को यह समझना चाहिए कि दुनिया की नीतियाँ सिर्फ हमारे हितों को देखकर नहीं बनतीं। न ट्रंप की हर नीति भारत-केंद्रित है और न ही सऊदी अरब की। इसलिए हमें व्यापक नज़रिए के साथ आगे बढ़ना चाहिए और धैर्यपूर्वक रणनीति बनानी चाहिए।

Related News
Breaking News हमेशा आपके पास

SwarajVani App Install करें

Latest India News & Breaking Updates — सीधे Home Screen पर

Offline पढ़ें Breaking Alerts बिल्कुल Free
SwarajVani को iPhone पर install करें:
📤 Share बटन दबाएं → "Add to Home Screen" select करें
Home
Web Stories
Instagram
WhatsApp