बाबा महाकाल की शाही सावन सवारी में 5 हजार महिलाएं होंगी शामिल
संवाददाता :मनोज कुमार पुष्पद
पार्वती मित्र मंडल की महिला सदस्यों ने लिया संकल्प, घर-घर जनसंपर्क कर मातृशक्ति को जोड़ने की तैयारी
सारंगपुर। सावन के चौथे सोमवार 24 अगस्त को महादेव मित्र मंडल के तत्वावधान में निकलने वाली भव्य सावन सवारी की तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं। सवारी को ऐतिहासिक और भव्य स्वरूप देने के लिए विभिन्न स्तरों पर तैयारियां की जा रही हैं। इसी क्रम में रविवार को श्री वटकेश्वर महादेव मंदिर परिसर में महादेव मित्र मंडल की सहयोगी संस्था पार्वती मित्र मंडल की बैठक आयोजित की गई।
बैठक की अध्यक्षता मंडल अध्यक्ष ओम पुष्पद ने की। इस दौरान आगामी सावन सवारी में महिलाओं की अधिक से अधिक सहभागिता सुनिश्चित करने को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में महिला सदस्यों ने सवारी को भव्य स्वरूप देने के लिए अपने सुझाव भी रखे।
5 हजार से अधिक महिलाओं को जोड़ने का संकल्प
बैठक में महादेव मित्र मंडल के संगठन मंत्री दिनेश सिसोदिया ने कहा कि बाबा महाकाल की शाही सावन सवारी में नगर के प्रत्येक घर से महिलाओं की सहभागिता सुनिश्चित करने का प्रयास किया जाना चाहिए। उन्होंने पार्वती मित्र मंडल की सभी महिला सदस्यों से घर-घर संपर्क कर अधिक से अधिक मातृशक्ति को सवारी से जोड़ने का आह्वान किया।
उन्होंने महिला सदस्यों को संकल्प दिलाया कि इस वर्ष सावन सवारी में 5 हजार से अधिक महिलाओं को शामिल किया जाएगा। इस संकल्प को पूरा करने के लिए व्यापक जनसंपर्क अभियान चलाने और महिलाओं को सवारी के धार्मिक महत्व की जानकारी देकर उन्हें सहभागिता के लिए प्रेरित करने पर जोर दिया गया।
कलश यात्रा में दिखेगी मातृशक्ति की भव्य सहभागिता
आगामी सावन सवारी में महिलाओं की विशेष सहभागिता के साथ भव्य कलश यात्रा निकाली जाएगी। इसके लिए तैयारियां प्रारंभ कर दी गई हैं। बैठक में कलश यात्रा से संबंधित रसीद कट्टों का वितरण भी किया गया।
रसीद कट्टों का वितरण जितेंद्र सोलंकी, कमल पुष्पद एवं कन्हैयालाल मेवाड़ा द्वारा किया गया। महिला सदस्यों को जिम्मेदारियां सौंपते हुए अधिक से अधिक महिलाओं को कलश यात्रा से जोड़ने की दिशा में कार्य करने का आह्वान किया गया।
महिलाओं ने रखे अपने सुझाव
बैठक में पार्वती मित्र मंडल की महिला सदस्यों ने सावन सवारी को और अधिक भव्य एवं व्यवस्थित बनाने के लिए अपने-अपने विचार और सुझाव रखे। महिलाओं ने कहा कि बाबा महाकाल की सवारी में मातृशक्ति की बड़ी भागीदारी धार्मिक उत्साह के साथ-साथ सामाजिक एकजुटता का भी संदेश देगी।
बैठक में इस बात पर भी जोर दिया गया कि नगर के प्रत्येक वार्ड और मोहल्ले से महिलाओं को सवारी में शामिल किया जाए, ताकि कलश यात्रा में व्यापक जनभागीदारी देखने को मिले।
घर-घर किया जाएगा जनसंपर्क
बैठक में आगामी बाबा महाकाल की भव्य सावन सवारी को लेकर व्यापक जनसंपर्क अभियान चलाने का निर्णय लिया गया। पार्वती मित्र मंडल की महिला सदस्य अपने-अपने क्षेत्रों, वार्डों और मोहल्लों में घर-घर संपर्क कर महिलाओं को सवारी के धार्मिक महत्व और कलश यात्रा में सहभागिता के संबंध में जानकारी देंगी। महिला सदस्यों को जिम्मेदारियां सौंपते हुए अधिक से अधिक मातृशक्ति को आयोजन से जोड़ने का आह्वान किया गया।
बैठक में कहा गया कि बाबा महाकाल की सावन सवारी केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि श्रद्धा, आस्था और सामाजिक एकजुटता का प्रतीक है। इसमें महिलाओं की बड़ी संख्या में सहभागिता आयोजन की भव्यता को और बढ़ाएगी। इसी उद्देश्य से प्रत्येक क्षेत्र में महिला सदस्यों द्वारा लगातार संपर्क किया जाएगा और परिवारों की महिलाओं को कलश यात्रा में शामिल होने के लिए प्रेरित किया जाएगा।
आयोजकों ने बताया कि सावन के चौथे सोमवार 24 अगस्त को निकलने वाली सवारी में इस बार 5 हजार से अधिक महिलाओं को शामिल करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए महिलाओं में विशेष उत्साह दिखाई दे रहा है। कलश यात्रा में शामिल होने वाली महिलाओं को आयोजन से जुड़ी आवश्यक जानकारी भी उपलब्ध कराई जाएगी, ताकि यात्रा व्यवस्थित और भव्य रूप से संपन्न हो सके।
पार्वती मित्र मंडल का प्रयास है कि नगर के प्रत्येक घर से मातृशक्ति की सहभागिता सुनिश्चित हो। आयोजकों को उम्मीद है कि सामूहिक प्रयासों से सावन सवारी में अभूतपूर्व जनभागीदारी देखने को मिलेगी और बाबा महाकाल की भव्य सवारी श्रद्धा एवं भक्ति के वातावरण में संपन्न होगी।
बैठक में बड़ी संख्या में महिलाएं रहीं मौजूद
बैठक का संचालन पार्वती मित्र मंडल अध्यक्ष सरिता महेश पाटीदार ने किया। वहीं लता गुंजन सोनी ने आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर समंदर सिंह बैस, सहयोग शर्मा, पीयूष शर्मा सहित बड़ी संख्या में पार्वती मित्र मंडल की महिला सदस्य उपस्थित रहीं।
बैठक के अंत में सभी सदस्यों ने बाबा महाकाल की सावन सवारी को भव्य और सफल बनाने तथा अधिक से अधिक मातृशक्ति की सहभागिता सुनिश्चित करने का संकल्प लिया।
