कोतमा में Mukhyamantri Kanyadaan Yojana के तहत 200 जोड़ों का सामूहिक विवाह संपन्न
मध्य प्रदेश के अनूपपुर जिले के कोतमा विधानसभा क्षेत्र में Mukhyamantri Kanyadaan Yojana के अंतर्गत 200 जोड़ों का सामूहिक विवाह समारोह भव्य रूप से आयोजित किया गया। गुरु द्रोणाचार्य स्टेडियम में आयोजित इस सम्मेलन में वैदिक रीति-रिवाजों और पारंपरिक विधि-विधान के साथ सभी जोड़ों का विवाह संपन्न कराया गया। पूरे आयोजन के दौरान स्टेडियम में उत्साह, उल्लास और सामाजिक एकता का अनूठा वातावरण देखने को मिला।
वैदिक रीति से संपन्न हुए विवाह संस्कार
सामूहिक विवाह समारोह में पंडितों द्वारा मंत्रोच्चार के बीच सात फेरे और अन्य सभी वैवाहिक रस्में पूरी कराई गईं। विवाह मंडपों को पारंपरिक सजावट से सुसज्जित किया गया था। एक साथ 200 जोड़ों के विवाह संस्कार संपन्न होने का दृश्य अत्यंत भावुक और प्रेरणादायी रहा। परिजनों के चेहरों पर खुशी साफ झलक रही थी।
यह आयोजन उन परिवारों के लिए विशेष महत्व रखता है जो आर्थिक रूप से कमजोर हैं और विवाह जैसे बड़े आयोजन का खर्च वहन करने में कठिनाई महसूस करते हैं। मुख्यमंत्री कन्यादान योजना ऐसे परिवारों के लिए सहयोग और सम्मान का माध्यम बन रही है।
जनप्रतिनिधियों की गरिमामयी उपस्थिति
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में क्षेत्रीय विधायक एवं मध्य प्रदेश सरकार के मंत्री दिलीप जायसवाल उपस्थित रहे। उन्होंने नवदंपतियों को आशीर्वाद देते हुए कहा कि मुख्यमंत्री कन्यादान योजना समाज के जरूरतमंद वर्गों के लिए संबल का कार्य कर रही है। यह योजना न केवल आर्थिक सहायता देती है, बल्कि सामाजिक समरसता और सामूहिकता का भी संदेश देती है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार समाज के हर वर्ग के उत्थान के लिए प्रतिबद्ध है और ऐसी योजनाओं के माध्यम से गरीब एवं वंचित परिवारों को सहयोग प्रदान किया जा रहा है। उन्होंने नवविवाहित जोड़ों के सुखद, समृद्ध और मंगलमय जीवन की कामना की।

नवदंपतियों को मिली गृहस्थी सामग्री
विवाह के उपरांत सभी जोड़ों को गृहस्थी की आवश्यक सामग्री भी प्रदान की गई। इसमें दैनिक उपयोग की वस्तुएं शामिल थीं, जिससे वे अपने नए जीवन की शुरुआत सुचारू रूप से कर सकें। यह सहायता विशेष रूप से उन परिवारों के लिए राहतकारी रही जिनके पास सीमित संसाधन हैं।
योजना के अंतर्गत दी जाने वाली आर्थिक सहायता और सामग्री नवदंपतियों के लिए एक मजबूत आधार का कार्य करती है। इससे विवाह के बाद की प्रारंभिक आवश्यकताओं को पूरा करने में मदद मिलती है।
बड़ी संख्या में जुटे परिजन और नागरिक
समारोह में कोतमा और आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। परिजन, मित्र और स्थानीय नागरिक इस ऐतिहासिक आयोजन के साक्षी बने। स्टेडियम में उत्सव जैसा माहौल रहा, जहां पारंपरिक संगीत और मंगल गीतों की ध्वनि गूंजती रही।
अन्य गणमान्य अतिथियों की उपस्थिति
कार्यक्रम में कोल विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष रामलाल रौतेल, पूर्व जिला अध्यक्ष अवधेश ताम्रकार, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती प्रीति रमेश सिंह, कोतमा नगर पालिका अध्यक्ष अजय सराफ, बिजुरी नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती सहवीन पनिका, कोतमा जनपद उपाध्यक्ष जीवन सिंह, अनूपपुर जनपद अध्यक्ष श्रीमती धानमती सिंह, जिला उपाध्यक्ष श्रीमती ज्योति सोनी, बिजुरी मंडल अध्यक्ष रिंकू शर्मा, राजनगर मंडल अध्यक्ष कमलेश चतुर्वेदी और राजनगर ग्रामीण मंडल अध्यक्ष श्रीमती सुषमा जोशी सहित अनेक जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
सभी अतिथियों ने नवदंपतियों को आशीर्वाद दिया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
सामाजिक समरसता और सामूहिकता का संदेश
Mukhyamantri Kanyadaan Yojana के अंतर्गत आयोजित यह सामूहिक विवाह सम्मेलन केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि सामाजिक एकता और सहयोग की भावना का प्रतीक बनकर सामने आया। सामूहिक विवाह से अनावश्यक खर्च में कमी आती है और समाज में समानता का भाव भी मजबूत होता है।
ऐसे आयोजन समाज में सकारात्मक संदेश देते हैं कि आर्थिक स्थिति किसी भी परिवार की खुशियों में बाधा नहीं बननी चाहिए। सरकार और समाज के सहयोग से जरूरतमंद परिवार भी सम्मानपूर्वक अपने बच्चों का विवाह संपन्न कर सकते हैं।
निष्कर्ष
कोतमा में आयोजित यह सामूहिक विवाह सम्मेलन सामाजिक उत्तरदायित्व और जनकल्याण का उत्कृष्ट उदाहरण है। 200 जोड़ों का एक साथ विवाह संपन्न होना न केवल एक बड़ा आयोजन था, बल्कि यह सामाजिक समरसता, सहयोग और पारिवारिक मूल्यों को सुदृढ़ करने की दिशा में एक प्रेरणादायी कदम भी साबित हुआ।
Mukhyamantri Kanyadaan Yojana के माध्यम से जरूरतमंद परिवारों को मिल रहा सहयोग प्रदेश में सामाजिक सुरक्षा और कल्याणकारी शासन की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है।
